Mahoba News: उत्तर प्रदेश के महोबा जनपद में किसानों के लिए हुए मूंगफली बीज वितरण में भारी अनियमितता और भ्रष्टाचार के आरोप लगे हैं। सुप्रीम कोर्ट की अधिवक्ता सीमा पटनाहा राजपूत की शिकायत पर केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण राज्य मंत्री कार्यालय ने मामले की उच्चस्तरीय जांच के आदेश दिए हैं। DM को जांच पत्र सीमा पटनाहा ने 3 अगस्त 2026 को केंद्रीय कृषि मंत्री को लिखित शिकायत भेजी थी। इस पर कार्रवाई करते हुए मंत्री के अतिरिक्त निजी सचिव कर्मचंद चौधरी ने 6 अगस्त को महोबा जिलाधिकारी ग़ज़ल भारद्वाज को पत्र भेजा। पत्र में पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच कर दोषी अधिकारियों, कर्मचारियों और अन्य संबंधित लोगों के खिलाफ नियमानुसार कठोर कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा गया है। किसानों ने लगाए आरोप शिकायत के मुताबिक जिले में करीब 10 से 15 हजार क्विंटल मूंगफली बीज का वितरण होना था। यह वितरण एफपीओ के माध्यम से किया जाना था, लेकिन प्रक्रिया में कई खामियां मिलीं है। कुछ किसानों को केवल 10 किलो बीज दिया गया, तो कुछ को 80 किलो तक, किसानों से 1000 रुपये तक लिए जाने और उसकी रसीद न दिए जाने का आरोप सामने आ रहे हैं। कई किसानों से पीओएस मशीन पर 2 से 3 बार अंगूठा लगवाया गया, लेकिन उतनी मात्रा में बीज नहीं दिया गया। दोषियों पर कार्रवाई जिलाधिकारी को निर्देश है कि जांच पूरी कर दोषियों पर त्वरित कार्रवाई की रिपोर्ट भेजी जाए। किसानों का कहना है कि समय पर बीज न मिलने और गड़बड़ी के कारण बुवाई प्रभावित हुई है। मामले की जांच से जिले के कृषि विभाग में हड़कंप मच गया है। ये भी पढ़ें: 10 करोड़ नशा मुक्ति प्रतिज्ञा महाअभियान संपन्न, नशे से दूरी जरूरी